केंद्र सरकार किसानों की सुरक्षा और पर्यावरण की रक्षा के लिए नकली और अवैध कीटनाशकों पर सख्त कदम उठाने जा रही है। इसके लिए सरकार ने कीटनाशक प्रबंधन विधेयक (Pesticide Management Bill) तैयार किया है। इसके लागू होने पर दोषी पाए जाने पर पांच साल जेल और 50 लाख रुपये जुर्माना लगाया जा सकेगा।
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि यह कानून किसानों को सुरक्षित और उन्नत कीटनाशक उपलब्ध कराने, पर्यावरण की रक्षा करने और आम आदमी के स्वास्थ्य को प्राथमिकता देने के उद्देश्य से लाया जा रहा है। यदि किसी कीटनाशक के इस्तेमाल से किसी व्यक्ति की मौत या गंभीर चोट होती है, तो सजा और भी सख्त होगी।
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सरकार ने मसौदे को सार्वजनिक कर विशेषज्ञों और आम जनता से सुझाव मांगे हैं। प्रस्तावित विधेयक के तहत यदि कोई व्यक्ति या कंपनी बिना पंजीकरण या लाइसेंस के कीटनाशक का निर्माण, आयात, भंडारण या बिक्री करती है, तो यह गंभीर अपराध होगा। विशेष रूप से नकली, गलत लेबल या प्रतिबंधित कीटनाशक बनाने-बेचने वालों को दंडनीय माना जाएगा।
दोषियों को पांच साल जेल और भारी जुर्माना
केंद्र सरकार के नए कानून के तहत दोषी पाए जाने पर पांच साल तक जेल और 50 लाख रुपये तक का जुर्माना लगाया जाएगा। यह कीटनाशक प्रबंधन विधेयक (Pesticide Management Bill) किसानों के हित और पर्यावरण की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए तैयार किया गया है। कानून में स्पष्ट किया गया है कि नकली या अवैध कीटनाशक का उत्पादन और बिक्री गंभीर अपराध मानी जाएगी। इससे किसानों को गुणवत्तापूर्ण कीटनाशक आसानी से उपलब्ध होंगे और अवैध व्यापारियों पर शिकंजा कसा जाएगा।
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बार-बार उल्लंघन करने वालों पर सख्त कार्रवाई
यदि कोई व्यक्ति या कंपनी नियमों का उल्लंघन दोबारा करती है, तो जुर्माने की राशि दोगुनी हो जाएगी। तीसरी बार उल्लंघन पर संबंधित कीटनाशक का लाइसेंस रद्द कर दिया जाएगा और स्टॉक जब्त किया जाएगा। यह प्रविधान (Pesticide Management Bill) किसानों और आम जनता की सुरक्षा सुनिश्चित करता है। लगातार अपराध करने वालों को अब आसानी से छोड़ा नहीं जाएगा और जिम्मेदार को दंडित किया जाएगा।
कंपनी अधिकारी भी जिम्मेदार होंगे
कंपनी केवल आड़ नहीं बना पाएगी, बल्कि उसके निदेशक, प्रबंधक और अन्य अधिकारी भी व्यक्तिगत रूप से जिम्मेदार होंगे। इस तरह कीटनाशक प्रबंधन विधेयक (Pesticide Management Bill) के तहत जवाबदेही तय होगी और अवैध कारोबार पर प्रभावी नियंत्रण रहेगा। यह किसानों को सुरक्षित उत्पाद प्रदान करने में महत्वपूर्ण कदम है। अब कोई भी अधिकारी कंपनी के पीछे छिपकर अपराध नहीं कर सकेगा।
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डिजिटल निगरानी और राष्ट्रीय रजिस्टर
डिजिटल पंजीकरण, ऑनलाइन रिकॉर्ड और राष्ट्रीय रजिस्टर के जरिए नकली एवं अवैध कीटनाशकों पर सख्त निगरानी रखी जाएगी। कीटनाशक प्रबंधन विधेयक (Pesticide Management Bill) की मदद से सभी उत्पादों की पहचान और ट्रैकिंग आसान होगी। इससे अवैध कारोबारियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई संभव होगी। किसानों और उपभोक्ताओं को सुरक्षित कीटनाशक उपलब्ध होंगे और पर्यावरण को भी नुकसान नहीं पहुंचेगा।
किसानों और पर्यावरण की सुरक्षा सुनिश्चित
यह नया कानून किसानों को गुणवत्तापूर्ण कीटनाशक उपलब्ध कराएगा, पर्यावरण की रक्षा करेगा और आम जनता के स्वास्थ्य को सुरक्षित रखेगा। कीटनाशक प्रबंधन विधेयक (Pesticide Management Bill) की मदद से अवैध और घटिया उत्पादों पर कड़ी निगरानी रहेगी। यह कानून केवल सजा देने के लिए नहीं, बल्कि किसानों की फसल और जीवन को सुरक्षित रखने के उद्देश्य से लाया गया है।


