ACB Bribery Case : 33 हजार रिश्वत लेते सीएमओ और लेखापाल रंगे हाथों गिरफ्तार

By admin
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ACB Bribery Case

Ambikapur News : छत्तीसगढ़ में भ्रष्टाचार के खिलाफ लगातार सख्ती के बीच एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB Bribery Case) अंबिकापुर की टीम ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। सोमवार को नगर पालिका मनेन्द्रगढ़ में छापामार ट्रैप कार्रवाई करते हुए प्रभारी सीएमओ (राजस्व उप निरीक्षक) मो. ईशहाक खान और प्रभारी लेखापाल सुशील कुमार को 33 हजार रुपए रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। कार्रवाई के तुरंत बाद दोनों आरोपियों को आगे की पूछताछ के लिए अंबिकापुर ले जाया गया।

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एसीबी (ACB Bribery Case) से प्राप्त जानकारी के अनुसार, आमाखेरवा, मनेन्द्रगढ़ निवासी चन्द्रमणी वर्मा ने शिकायत दर्ज कराई थी। प्रार्थी “साईं कंस्ट्रक्शन एंड सप्लायर” नाम से फर्म संचालित करता है और उसने नगर पालिका मनेन्द्रगढ़ के वार्ड क्रमांक-11 में रिटर्निंग वॉल तथा वार्ड क्रमांक-8 में सीसी सड़क निर्माण का कार्य किया था। इन निर्माण कार्यों की कुल लागत लगभग 5.90 लाख रुपए थी, जिसका भुगतान लंबे समय से लंबित था।

शिकायत में बताया गया कि बिल भुगतान के बदले प्रभारी सीएमओ मो. ईशहाक खान और लेखापाल सुशील कुमार द्वारा 9 प्रतिशत कमीशन के रूप में कुल 53 हजार रुपए रिश्वत की मांग की गई थी। इतना ही नहीं, पूर्व में कमीशन नहीं देने पर प्रार्थी के अन्य बिलों का भुगतान भी रोक दिया गया था, जिससे उसे आर्थिक परेशानियों का सामना करना पड़ रहा था।

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शिकायत के सत्यापन के दौरान यह तथ्य सामने आया कि आरोपी लेखापाल सुशील कुमार पहले ही 20 हजार रुपए रिश्वत के रूप में ले चुका था। इसके बाद एसीबी (ACB Bribery Case) ने सुनियोजित रणनीति के तहत 23 मार्च को ट्रैप प्लान किया। प्रार्थी को रिश्वत की शेष राशि 33 हजार रुपए लेकर नगर पालिका कार्यालय भेजा गया। जैसे ही प्रार्थी ने आरोपियों को तय रकम सौंपी, एसीबी टीम ने तुरंत दबिश देते हुए दोनों को रंगे हाथों पकड़ लिया।

कार्रवाई के दौरान सीएमओ को उसके निवास से और लेखापाल को कार्यालय से गिरफ्तार किया गया। दोनों आरोपियों के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धारा 7 और 12 के तहत अपराध दर्ज कर विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। इस कार्रवाई (ACB Bribery Case) के बाद नगर पालिका कार्यालय में हड़कंप की स्थिति बन गई और कर्मचारियों के बीच खलबली मच गई। यह कार्रवाई एक स्पष्ट संदेश देती है कि राज्य में भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख अपनाया जा रहा है और दोषियों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।

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